आयुर्वेद में सर्जरी को देखकर बहुत अच्छा लगा :ए एन सोमनाथ
Gargachary Times
16 February 2026, 20:41
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Dholpur
संवाददाता धौलपुर :- दिनांक 16 फरवरी 2026, मुख्य कार्यकारी अधिकारी जिला परिषद धौलपुर एएन सोमनाथ द्वाराबाड़ी उपखंड की ग्राम पंचायत बिजौली में बाड़ी रोड स्थित उद्यम कार्यशाला में आयोजित 10 दिवसीय क्षारसूत्र शल्य चिकित्सा शिविर का किया निरीक्षण। मरीजों/परिजनों से की बात, शिविर व्यवस्था पर संतोष जताते हुए आयुर्वेद को भविष्य की श्रेष्ठ चिकित्सा पद्धति बताया। आयुर्वेद में शल्यचिकित्सा , एक्यूप्रेशर अग्निकर्म विद्धकर्म आदि को देखकर हुए सरप्राइज्ड।आयुर्वेद क्षारसूत्र शल्य चिकित्सा शिविर में शल्य चिकित्सा द्वारा लाभान्वितों की संख्या पहुंची 100 के पास",
शिविर प्रभारी डॉक्टर दिनेश चंद्र शर्मा द्वारा बताया गया कि शल्य चिकित्सा शिविर में अब तक विभिन्न गुदारोगों से पीड़ित अर्श के 37, भगंदर के 21 व परिकर्तिका के 39 कुल 97 मरीजों का जहां क्षारसूत्र चिकित्सा विधि द्वारा राज्य स्तरीय शल्य चिकित्सा टीम द्वारा सफल ऑपरेशन किया गया, वही शिविर में नियुक्त डॉक्टर्स,कंपाउंडर्स एवं सहकर्मियों द्वारा बहिरंग चिकित्सा के रूप में 4000 से अधिक मरीजों को औषधि व्यवस्था प्रदान की। आयुर्वेद की अन्य विधाओं में योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा द्वारा 128 एवं अग्निकर्म चिकित्सा द्वारा 88 रोगियों को लाभन्वित किया गया।
सहायक शिविर एवं पथ्य व्यवस्था प्रभारी डॉ राजवीर शर्मा ने बताया कि शिविर में नियुक्त आयुर्वेद ,योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा, अग्निकर्म चिकित्सा के विशेषज्ञों सहित एलोपैथी चिकित्सा टीम के समस्त अधिकारी /कर्मचारियों द्वारा संपूर्ण समर्पण भाव से उपस्थित मरीजों की सेवा की जा रही है। मरीजों को पथ्य व्यवस्था अनुरूप चाय खिचड़ी दाल रोटी फल आदि का समय अनुसार वितरण किया जा रहा है।यही नहीं हमारे बीच उपस्थित रहे भामाशाह सरपंच ग्राम पंचायत बिजौली गंगाराम कंसाना, आयुर्वेद विभाग के वरिष्ठ कंपाउंडर श्रीराम गोस्वामी द्वारा मरीजों को फल वितरित कर अपना सहयोग प्रदान किया।सह शिविर प्रभारी डॉ मौहम्मद जाकिर ने बताया कि जहां उपनिदेशक आयुर्वेद विभाग धौलपुर डॉ दिनेश कुमार शर्मा अपने कार्यालयीन दायित्वों के साथ-साथ शिविर में नियमित निरीक्षण कर शिविर में नियुक्त कार्मिकों का मार्गदर्शन करते रहे हैं वहीं हमारे जिले के विभिन्न प्रशासनिक अधिकारियों की शिविर में उपस्थिति ने हमें प्रोत्साहित व मार्गदर्शन प्रदान किया । अपने चिकित्सकीय दायित्वों के साथ-साथ आयुर्वेद विभागीय संभाग समन्वयक का दायित्व वहन कर रहे डॉ विनोद कुमार गर्ग ने बताया कि मीडिया एवं विभिन्न चैनलों के सम्मानित साथियों ने समय समय पर हमारी उपलब्धियों को अपनेअपने माध्यम से प्रकाशित कर हमारे कार्य को बढ़ावा दिया, उनके इस सहयोग के लिए स्वयं उपनिदेशक जी ने भी अपरोक्ष रूप से आभार जताया। ओटी इंचार्ज डॉ अनिल कुमार झा ने बताया कि मुख्य सर्जन नरेश गोपाल वार्ष्णेय,बालमुकुंद शर्मा जसराम गौड़ डॉक्टर मंजू मीणा डॉ ज्ञानी राम मीणा एमएस, कृष्ण गोपाल शर्मा वरिष्ठ कंपाउंडर हुकुम नाथ आदि द्वारा शिविर में उपस्थित मरीजों की नियमित गर्म पानी से सिकाई व ड्रेसिंग कराई जा रही है। औषधि व्यवस्था प्रभारी डॉ रामनिवास जाटव एवं निरंजन लाल शर्मा ने बताया कि शल्य चिकित्सा एवं शिविर प्रभारी के निर्देशानुसार मरीजों को आयुर्वेद एवं एलोपैथी की संयुक्त चिकित्सा प्रदान की जा रही है। शिविर कार्यालय प्रभारी नर्सिंग अधीक्षक बनवारी लाल शर्मा ने बताया के शिविर में त्रिलोक चंद नरवाल (योग एवं प्राकृतिक चिकित्सा), डॉ आकाश वर्मा, डॉ राघवेंद्र उपाध्याय (अग्निकर्म चिकित्सा), डॉ वीरेंद्र सिंह यादव, डॉ राजेश कुमार शर्मा, डॉ रितिका व्यास (महिला वार्ड प्रभारी), डॉ अनिल कुमार अग्रवाल व डॉ देवेंद्र सिंह यादव (एलोपैथ), वरिष्ठ कंपाउंडर रविंद्र कुमार व्यास,संतोष कुमार सेन, दिलीप सिंह,चंद्रकांत त्यागी, संदीप कुमार , पुष्पेंद्र कुमार, बंटू कुमार, संतोषपुरी, सुंदर सिंह, श्रीमती प्रियंका बघेल, श्रीमती कोमल मीणा,मनोज कुमार, श्रीमती शकुंतला देवी मुन्नी देवी अनीता मीणा रामदास दीवानगिरी राम दुलारे गोस्वामी, नन्हे राम,मुकेश कुमार, मुकेश सिंह द्वारा अपनी सेवाएं दी जा रही है। शिविर में शल्य चिकित्सा पूर्व निर्देशित जांचों के लिए नियुक्त कोटा डायग्नोस्टिक सेंटर के इंचार्ज निर्वेश गोस्वामी ने बताया कि अब तक शिविर में 122 मरीजों की उनके द्वारा विविध जांचें की जा चुकी हैं। अन्य विजिटर्स के रूप में पूर्व उपनिदेशक आयुर्वेद विभाग डॉ मिट्ठनलाल शर्मा, सेवानिवृत्त वरिष्ठ आयुर्वेद चिकित्सा अधिकारी डॉ सतीश कुमार शर्मा, ग्राम विकास अधिकारी बिजौली बृज किशोर शर्मा आदि उपस्थित रहे।