संघ प्रमुख मोहन भागवत की ट्रेन पर पथराव, शताब्दी एक्सप्रेस की खिड़की टूटी, सुरक्षा एजेंसियों में मची खलबली
Gargachary Times
12 June 2026, 19:15
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Firozabad
फिरोजाबाद। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) प्रमुख मोहन भागवत की मौजूदगी वाली स्वर्ण शताब्दी एक्सप्रेस पर गुरुवार देर शाम फिरोजाबाद रेलवे स्टेशन के निकट पथराव की घटना से रेलवे और सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मच गया। पथराव में ई-1 कोच की एक खिड़की का बाहरी शीशा टूट गया। हालांकि किसी यात्री को चोट नहीं आई और संघ प्रमुख पूरी तरह सुरक्षित रहे।
गाड़ी संख्या 12003 लखनऊ से नई दिल्ली जा रही थी। शाम करीब सात बजे फिरोजाबाद आउटर क्षेत्र में पेमेश्वर रेलवे गेट के पास किसी अज्ञात व्यक्ति द्वारा ट्रेन पर पत्थर फेंका गया। पत्थर ई-1 कोच में सीट संख्या 53-54 के पास लगा, जिससे खिड़की का बाहरी शीशा क्षतिग्रस्त हो गया। अचानक हुए हादसे से कोच में बैठे यात्रियों में कुछ देर के लिए अफरा-तफरी मच गई।
घटना की सूचना मिलते ही मंडल सुरक्षा नियंत्रण कक्ष प्रयागराज से अलर्ट जारी किया गया। ट्रेन के टूंडला जंक्शन पहुंचने से पहले ही आरपीएफ और जीआरपी को सतर्क कर दिया गया। ट्रेन शाम 7:34 बजे टूंडला स्टेशन के प्लेटफार्म नंबर चार पर पहुंची, जहां आरपीएफ निरीक्षक अवधेश गोस्वामी ने टीम के साथ कोच का निरीक्षण किया। जांच में पाया गया कि केवल बाहरी शीशा टूटा है और किसी यात्री को कोई चोट नहीं लगी है।
रेलवे अधिकारियों के अनुसार संघ प्रमुख मोहन भागवत ई-1 कोच की सीट संख्या 39 और 40 पर यात्रा कर रहे थे। सुरक्षा एजेंसियों ने उनकी सुरक्षा की पुष्टि की। जांच और आवश्यक औपचारिकताओं के बाद ट्रेन को शाम 7:40 बजे दिल्ली के लिए रवाना कर दिया गया।
घटना की गंभीरता को देखते हुए एसपी सिटी रविशंकर प्रसाद, सीओ सिटी प्रवीण कुमार तिवारी, एलआईयू तथा सर्विलांस टीम भी सक्रिय हो गई। अधिकारियों ने पेमेश्वर गेट और आसपास के क्षेत्र में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली तथा संभावित आरोपित की तलाश शुरू कर दी।
आरपीएफ के सहायक सुरक्षा आयुक्त विनीत सागर ने बताया कि प्रारंभिक जांच में किसी शराबी व्यक्ति द्वारा पत्थर फेंके जाने की आशंका सामने आई है। हालांकि सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। रेलवे सुरक्षा बल और स्थानीय पुलिस संयुक्त रूप से घटना की जांच में जुटी हैं।
संघ प्रमुख की यात्रा के दौरान हुई इस घटना ने रेलवे सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि राहत की बात यह रही कि समय रहते स्थिति नियंत्रण में रही और किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।