लोक अदालत में बिना लंबी कानूनी प्रक्रिया के सुलझाएं विवाद, ग्रामीणों को किया जागरूक
Gargachary Times
23 August 2026, 20:41
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Firozabad
फिरोजाबाद। मुकदमेबाजी में समय और धन दोनों खर्च होते हैं, जबकि कई विवाद आपसी सहमति से आसानी से सुलझाए जा सकते हैं। ऐसे मामलों के त्वरित और सरल निस्तारण के लिए लोक अदालत महत्वपूर्ण माध्यम है। इसी उद्देश्य से उच्च प्राथमिक विद्यालय बिल्टीगढ़ में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव योगेश शिवा के निर्देशन में विधिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं के साथ ग्रामीण महिलाओं ने भी सहभागिता की।
पराविधिक स्वयंसेविका कल्पना राजौरिया ने विद्यार्थियों और ग्रामीणों को कानून से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी। उन्होंने आगामी 12 सितंबर को आयोजित होने वाली राष्ट्रीय लोक अदालत के बारे में विस्तार से बताया। उन्होंने कहा कि लोक अदालत में मोटर दुर्घटना, ऋण विवाद, चालान, बिजली, यातायात, वैवाहिक विवाद तथा बैंक रिकवरी सहित विभिन्न शमनीय मामलों का आपसी सहमति से निस्तारण कराया जा सकता है।उन्होंने बताया कि लोक अदालत में विवादों का समाधान दोनों पक्षों की सहमति से किया जाता है। इससे लोगों को लंबे समय तक चलने वाली मुकदमेबाजी, बार-बार न्यायालय के चक्कर लगाने और अनावश्यक खर्च से राहत मिलती है। लोक अदालत में समझौते के आधार पर होने वाला निर्णय पक्षकारों के लिए प्रभावी होता है।
खंड शिक्षा अधिकारी सुधीर गुप्ता ने कहा कि प्रत्येक व्यक्ति को अपने अधिकारों के साथ-साथ कानूनी कर्तव्यों की जानकारी भी होनी चाहिए। उन्होंने छात्र-छात्राओं से कानून के प्रति जागरूक रहने और अपने आसपास के लोगों को भी कानूनी जानकारी देने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में प्रधानाध्यापक विक्रम सिंह, महेश, एसएमसी अध्यक्ष हरि बाबू, शिक्षक श्याम सुंदर गुप्ता, हरीश कुमार, अनुदेशक बिपिन कुमार सहित विद्यालय स्टाफ, विद्यार्थी और ग्रामीण मौजूद रहे। अधिकारियों ने ग्रामीणों से अपील की कि आपसी सहमति से सुलझाए जा सकने वाले मामलों के लिए राष्ट्रीय लोक अदालत का अधिक से अधिक लाभ उठाएं।